PMShri विद्यालय प्री-प्राइमरी महिला सहायिका भर्ती 2026-27 | पूरी जानकारी - MP Education Gyan Deep
🔥 नया आदेशPMShri योजनाप्री-प्राइमरी भर्तीसत्र 2026-27
PMShri विद्यालय प्री-प्राइमरी कक्षाओं हेतु महिला सहायिका (अंशकालीन) भर्ती 2026-27: पात्रता, मानदेय, चयन प्रक्रिया की पूरी जानकारी
📅 आदेश दिनांक: 03 अगस्त 2026🏢 जारीकर्ता: लोक शिक्षण संचालनालय, मध्यप्रदेश📄 क्रमांक: पीएमश्री/लोशिसंचा./2026/1398
मध्यप्रदेश के लोक शिक्षण संचालनालय (DPI) ने 03 अगस्त 2026 को एक महत्वपूर्ण आदेश जारी करते हुए प्रदेश के समस्त जिला शिक्षा अधिकारियों को निर्देशित किया है कि सत्र 2026-27 में PMShri योजना अंतर्गत संचालित विद्यालयों की प्री-प्राइमरी कक्षाओं के लिए आउटसोर्स के माध्यम से महिला सहायिका (अंशकालीन) उपलब्ध कराई जाए। यह नियुक्ति शाला प्रबंधन समिति (SMC) के माध्यम से निर्धारित मापदंडों का पालन करते हुए की जाएगी। इस पोस्ट में हम इस आदेश के सभी बिंदुओं को विस्तार से समझेंगे — पात्रता की शर्तें, मानदेय, चयन प्रक्रिया, दायित्व, उपस्थिति व्यवस्था और जिलेवार सहायिका संख्या का पूरा विवरण।
योजनाPMShri विद्यालय योजना
पदमहिला सहायिका (अंशकालीन)
नियुक्ति माध्यमआउटसोर्स / SMC
मानदेय₹8000 प्रतिमाह
आयु सीमा18–45 वर्ष (01.01.2026)
योग्यता12वीं / हायर सेकण्ड्री उत्तीर्ण
नियुक्ति अवधिअगस्त 2026 – 30 अप्रैल 2027
कुल PMShri विद्यालय799 (प्रदेशभर में)
आदेश की पृष्ठभूमि
पीएमश्री योजनांतर्गत संचालित पीएमश्री विद्यालयों की प्री-प्राइमरी कक्षाओं में विद्यार्थियों की उचित देखभाल और शिक्षकों को सहयोग देने के उद्देश्य से यह व्यवस्था लागू की जा रही है। संचालनालय ने स्पष्ट किया है कि यह नियुक्ति केवल माह अगस्त 2026 से 30 अप्रैल 2027 तक की अवधि के लिए ही मान्य होगी और यह पद पूर्णतः अस्थाई प्रकृति का है, जो भारत सरकार के अनुदान पर आश्रित है।
महिला सहायिका (अंशकालीन) के चयन के मापदंड
आदेश में महिला सहायिका के चयन हेतु कुल 15 मापदंड निर्धारित किए गए हैं, जिनका विस्तृत विवरण नीचे दिया गया है:
1आयु सीमा: आवेदिका की आयु 1 जनवरी 2026 की स्थिति में 18 से 45 वर्ष के बीच होनी चाहिए।
2योग्यता: मान्यता प्राप्त बोर्ड से 12वीं/हायर सेकण्ड्री कक्षा उत्तीर्ण होना अनिवार्य है।
3मानदेय: चयनित सहायिका को ₹8000 प्रतिमाह मानदेय दिया जाएगा।
4स्थानीय निवास: आवेदिका संबंधित ग्राम/नगरीय क्षेत्र के वार्ड की स्थायी निवासी होनी चाहिए। विवाह होने की स्थिति में पति को संबंधित क्षेत्र का स्थायी निवासी होना आवश्यक है।
5अवकाश: सहायिका को प्रत्येक माह में एक आकस्मिक अवकाश (CL) की पात्रता होगी।
6समयावधि: नियुक्ति माह अगस्त 2026 से 30 अप्रैल 2027 की अवधि के लिए की जाएगी।
7मॉनीटरिंग एवं फीडबैक: शाला प्रबंधन समिति (SMC) महिला सहायिकाओं के कार्य की नियमित मॉनिटरिंग करेगी और जानकारी संचालनालय को उपलब्ध कराएगी। यदि किसी सहायिका के प्रति विद्यालय द्वारा नकारात्मक सुझाव दिया जाता है, तो उसे तत्काल प्रभाव से कार्यमुक्त कर दिया जाएगा।
8पुलिस सत्यापन: महिला सहायिकाओं की नियुक्ति के पूर्व अभ्यर्थियों का पुलिस सत्यापन आवश्यक रूप से कराया जाना सुनिश्चित करना होगा।
9मानदेय भुगतान प्रक्रिया: विमर्श पोर्टल पर दर्ज उपस्थिति के आधार पर सहायिकाओं के मानदेय भुगतान हेतु उपस्थिति पत्रक प्रत्येक माह की 5 तारीख तक एकत्रित किया जाएगा एवं प्रत्येक माह की 10 तारीख तक उनके खाते में मानदेय राशि जमा कराई जाएगी।
10संपर्क व्यवस्था: महिला सहायिकाओं से संबंधित कार्यों हेतु राज्य/जिला में कार्यरत SMC द्वारा नामांकित अधिकारी/कर्मचारी का संपर्क सूत्र एवं ईमेल आईडी प्रदाय की जाएगी।
11प्राथमिकता: विगत सत्र में कार्यरत सहायिकाओं को इस सत्र हेतु उसी विद्यालय में कार्य करने की प्राथमिकता दी जाएगी।
12दायित्व: अकादमिक गतिविधियों में शिक्षकों की सहायता करना, शिक्षकों की अनुपस्थिति में कक्षाओं का संचालन करना, विद्यार्थियों को प्रतिदिन समय पर शाला लाना-ले जाना, मध्यान्ह भोजन के दौरान सहयोग करना तथा विद्यार्थियों की साफ-सफाई एवं स्वच्छता का ध्यान रखना।
13उपस्थिति: महिला सहायिकाओं की उपस्थिति प्राचार्य/प्रधानाध्यापक द्वारा प्रतिदिन विमर्श पोर्टल पर अंकित की जाएगी।
14नियम-शर्तें अवगत कराना: SMC द्वारा नामांकित सहायिकाओं के मानदेय से किए जाने वाले कटौत्रा एवं अन्य नियम-शर्तों से प्राचार्य/सहायिका को पत्र के माध्यम से नियुक्ति के समय अवगत कराया जाना चाहिए।
15पद की प्रकृति: केंद्र प्रवर्तित PMShri विद्यालय योजना अंतर्गत प्री-प्राइमरी कक्षाओं के लिए महिला सहायिका (अंशकालीन) के पद पर नियुक्ति पूर्णतः अस्थाई है, जो भारत सरकार के अनुदान पर आश्रित है।
⚠️ ध्यान दें: यदि किसी सहायिका के कार्य को लेकर विद्यालय से नकारात्मक फीडबैक प्राप्त होता है, तो उसे बिना पूर्व सूचना के तत्काल प्रभाव से पद से हटाया जा सकता है।
प्री-प्राइमरी नामांकन के आधार पर सहायिका संख्या का निर्धारण
आदेश के अनुसार प्रदेश के समस्त जिलों में अकादमिक सत्र 2026-27 में 799 पीएमश्री विद्यालयों में से प्री-प्राइमरी कक्षाओं में विद्यार्थियों की देखभाल हेतु महिला सहायिका की नियुक्ति निम्नानुसार नामांकन श्रेणी के आधार पर की जाएगी:
नामांकन: 0 विद्यार्थी356 विद्यालय
प्रस्तावित सहायिका: 0
नामांकन: 01 से 04 विद्यार्थी67 विद्यालय
प्रस्तावित सहायिका: 0
📌 नामांकन में वृद्धि होने पर शाला से प्रस्ताव प्राप्त होने पर एक सहायिका की नियुक्ति आयुक्त महोदय के अनुमोदन उपरांत की जाएगी।
नामांकन: 05 से 50 विद्यार्थी368 विद्यालय
प्रस्तावित सहायिका: 368
नामांकन: 51 से अधिक विद्यार्थी08 विद्यालय
प्रस्तावित सहायिका: 08
📌 शाला से प्रस्ताव प्राप्त होने पर एक अतिरिक्त सहायिका की नियुक्ति आयुक्त महोदय के अनुमोदन उपरांत की जाएगी।
नियुक्ति एवं भुगतान की प्रक्रिया
शाला प्रबंधन समिति (SMC) द्वारा निर्धारित मापदंडों के आधार पर योग्य महिला उम्मीदवार का चयन।
नियुक्ति से पूर्व चयनित उम्मीदवार का पुलिस सत्यापन कराया जाना।
नियुक्ति के समय प्राचार्य/सहायिका को मानदेय कटौत्रा एवं अन्य नियम-शर्तों से पत्र के माध्यम से अवगत कराना।
सहायिका की दैनिक उपस्थिति प्राचार्य/प्रधानाध्यापक द्वारा विमर्श पोर्टल पर अंकित की जाना।
प्रत्येक माह की 05 तारीख तक उपस्थिति पत्रक का एकत्रीकरण।
प्रत्येक माह की 10 तारीख तक सहायिका के खाते में मानदेय राशि का अंतरण।
उपस्थिति अनुसार प्रत्येक माह के देयक की जानकारी संचालनालय को उपलब्ध कराना।
महिला सहायिका के दायित्व
अकादमिक गतिविधियों में शिक्षकों की सहायता करना।
शिक्षकों की अनुपस्थिति में कक्षाओं का संचालन करना।
विद्यार्थियों को प्रतिदिन समय पर शाला लाना एवं वापस ले जाना।
मध्यान्ह भोजन के दौरान विद्यार्थियों का सहयोग करना।
विद्यार्थियों की साफ-सफाई एवं स्वच्छता का ध्यान रखना।
आदेश की प्रतिलिपि किन्हें भेजी गई
सचिव, मध्यप्रदेश शासन, स्कूल शिक्षा विभाग, मंत्रालय-वल्लभ भवन, भोपाल
संचालक, राज्य शिक्षा केन्द्र मध्यप्रदेश, अरेरा हिल्स, भोपाल
संभागीय संयुक्त संचालक, समस्त संभाग, लोक शिक्षण, मध्यप्रदेश
जिला परियोजना समन्वयक, जिला शिक्षा केन्द्र, समस्त जिले, मध्यप्रदेश
विकासखंड शिक्षा अधिकारी, समस्त विकासखंड, मध्यप्रदेश
संबंधित प्राचार्य/प्रधानाध्यापक, पीएमश्री विद्यालय
📌 जारीकर्ता कार्यालय
लोक शिक्षण संचालनालय, मध्यप्रदेश
क्रमांक: पीएमश्री/लोशिसंचा./2026/1398
भोपाल, दिनांक: 03/08/2026
आयुक्त द्वारा अनुमोदित — नंदा भलावे कुशरे, अपर परियोजना संचालक
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
PMShri महिला सहायिका के लिए आयु सीमा क्या है?
आवेदिका की आयु 1 जनवरी 2026 की स्थिति में 18 से 45 वर्ष के बीच होनी चाहिए।
महिला सहायिका के लिए न्यूनतम योग्यता क्या है?
मान्यता प्राप्त बोर्ड से 12वीं/हायर सेकण्ड्री कक्षा उत्तीर्ण होना अनिवार्य है।
महिला सहायिका को कितना मानदेय मिलेगा?
महिला सहायिका को ₹8000 प्रतिमाह मानदेय दिया जाएगा, जो विमर्श पोर्टल पर दर्ज उपस्थिति के आधार पर भुगतान किया जाएगा।
नियुक्ति की अवधि कितनी होगी?
नियुक्ति माह अगस्त 2026 से 30 अप्रैल 2027 तक की अवधि के लिए की जाएगी।
महिला सहायिका का चयन कौन करेगा?
महिला सहायिका (अंशकालीन) का चयन शाला प्रबंधन समिति (SMC) के माध्यम से निर्धारित मापदंडों के अनुसार किया जाएगा।
क्या पुलिस सत्यापन अनिवार्य है?
हाँ, महिला सहायिकाओं की नियुक्ति के पूर्व अभ्यर्थियों का पुलिस सत्यापन आवश्यक रूप से कराया जाना सुनिश्चित करना होगा।
प्रदेश में कुल कितने PMShri विद्यालयों में यह नियुक्ति होगी?
प्रदेश के समस्त जिलों में अकादमिक सत्र 2026-27 में कुल 799 PMShri विद्यालयों में से पात्र विद्यालयों में प्री-प्राइमरी कक्षाओं हेतु महिला सहायिका की नियुक्ति की जाएगी।
क्या पिछले सत्र में कार्यरत सहायिका को दोबारा प्राथमिकता मिलेगी?
हाँ, विगत सत्र में कार्यरत सहायिकाओं को इस सत्र हेतु उसी विद्यालय में कार्य करने की प्राथमिकता दी जाएगी।
अस्वीकरण (Disclaimer): यह लेख केवल सामान्य जानकारी हेतु लोक शिक्षण संचालनालय, मध्यप्रदेश द्वारा जारी आधिकारिक आदेश (क्रमांक पीएमश्री/लोशिसंचा./2026/1398, दिनांक 03/08/2026) के आधार पर तैयार किया गया है। किसी भी नियुक्ति, आवेदन या मानदेय संबंधी अंतिम निर्णय के लिए कृपया संबंधित जिला शिक्षा कार्यालय अथवा संचालनालय की आधिकारिक वेबसाइट से पुष्टि करें। MP Education Gyan Deep किसी भी प्रकार की भर्ती प्रक्रिया का संचालन नहीं करता एवं इस जानकारी के उपयोग से होने वाली किसी हानि हेतु उत्तरदायी नहीं होगा।
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